
दैनिक भारत न्यूज
आजमगढ़।
लालगंज तहसील परिसर में अधिवक्ता संघ भवन के सामने काफी दिनों से पड़ा मलवा उप जिलाधिकारी नेहा मिश्रा के नेतृत्व में हटवा दिया गया। एसडीएम ने कहा कि स्वच्छता अभियान के तहत नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष साफ सफाई अभियान छेड़ा गया है। जिसके तहत नगर पंचायत प्रशासन द्वारा तहसील परिसर से ही साफ सफाई अभियान का शुभारंभ किया है।
लालगंज तहसील परिसर में नायब तहसीलदारों के जर्जर न्यायालय कक्ष को पूर्व में गिराकर उसके मलवे को संघ भवन के सामने रख दिया गया था। उक्त मलवे को हटाने के लिए अधिवक्ताओं ने जिलाधिकारी सहित जनपद के उच्चाधिकारियों से कई बार निवेदन किया। मलवा न हटने पर अधिवक्ताओं ने कई बार उपजिलाधिकारी के यहां प्रदर्शन कर ज्ञापन दिया। मंगलवार को ज्ञापन देने पहुंचे अधिवक्ताओं का ज्ञापन लेने की बजाय उपजिलाधिकारी आवास पर चली गयी।जिसको लेकर अधिवक्ताओं ने नाराजगी व्यक्त करते हुए उनके न्यायालय का बहिष्कार कर दिया। बृहस्पतिवार को संघ के पदाधिकारी भ्रमण कर यह देखते रहे कि कौन- कौन से अधिवक्ता एसडीएम के दफ्तर में काम से जाते हैं। पदाधिकारीगण दफ्तरों की निगरानी कर रहे थे। उधर एसडीएम नेहा मिश्रा अपने दफ्तर में नगर पंचायत चेयरमैन प्रतिनिधि शरद यादव, तहसीलदार शिवप्रकाश सरोज, ईओ विनय शंकर अवस्थी, सफाई नायक चंद्रमणि यादव के साथ मीटिंग की। दोपहर को अचानक से एसडीएम, तहसीलदार सहित अन्य के साथ संघ भवन के सामने पहुंच गयी। कुछ ही देर में वहां जेसीबी, ट्रैक्टर पहुंचकर वर्षों से रखे मलवे को हटवाना शुरू कर दिया। उपजिलाधिकारी की इस पहल की अधिवक्ताओं ने प्रशंसा करते हुए कहा कि उपजिलाधिकारी ने पहल कर गतिरोध को दूर करने का कार्य किया है, जो काफी प्रशंसनीय है।
बता दें कि लालगंज तहसील के नये भवन का निर्माण सपा शासनकाल में करवाया गया। तभी से तहसील परिसर में पुराने भवनों का मलवा पड़ा हुआ है। इस मलवे को हटवाकर साफ सफाई करवाने की काफी दिनों से मांग हो रही थी। इसके लेकर महीनों तक हड़ताल हुआ। तहसील का कामकाज प्रभावित होने से वादकारियों का काफी नुकसान हुआ। तहसील कार्रवाई की प्रगति रिपोर्ट भी खराब हो रही थी। ऐसे में एसडीएम लालगंज नेहा मिश्रा के इस फैसले का काफी प्रभाव पड़ेगा। हर तरफ लोग इस पहल का स्वागत कर रहे हैं।
