
धमकी भरा फोन आने से डाक्टर के परिवार की थी नींद हराम
बदमाश की गिरफ्तारी के बाद डाक्टर के घर वालों ने लिया राहत की सांस
दैनिक भारत न्यूज ब्यूरो
आजमगढ़।
शहर कोतवाली पुलिस और बदमाश के बीच उकरौड़ा के पास सर्विस लेन पर हुई मुठभेड़ के दौरान पैर में गोली लगने से बदमाश घायल हो गया। वह शहर के एक डाक्टर से 60 लाख रुपये की रंगदारी मांग रहा था। रुपये न देने पर परिवार की हत्या करने की धमकी दे रहा था।
पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य के मुताबिक घायल बदमाश अम्मार उर्फ निजात पुत्र सुभान अहमद है। वह मुबारकपुर थाने के बनकट गांव का रहने वाला है।
यह रहा घटनाक्रमः
एसपी ने बताया कि डा. सजय कुमार यादव S/0 स्व. राम सूरत यादव हैं। वह शहर के मुहल्ला गुलामी का पूरा के निवासी हैं। इन्होने तहरीर दिया था कि नौ अक्टूबर को एक फोन आया। फोन करने वाले ने 60 लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई। पहले तो डाक्टर ने मजाक समझा, लेकिन पुन दस अक्टूबर और 11 अक्टूबर को फोन आया। बार बार फोन कर रंगदारी मांगे जाने से डाक्टर का परिवार पूरी तरह से भयभीत हो गया। उधर बदमाश रंगदारी न देने पर जान से मारने की धमकी देने से सभी दहशत में थे। पुलिस मामले की जांच में जुट गयी।
इस तरह से हुई बदमाश की गिरफ्तारीः
एसपी के मुताबिक शनिवार को शहर कोतवाल शशिमौली पांडेय को मुखबिर से सूचना मिली कि डा. संजय यादव से रंगदारी मांगने वाला अपराधी उकरौड़ा की तरफ से सर्विस लेन पकड़कर बनकट की तरफ आ रहा है।
इस सूचना पर उप निरीक्षक अखिलेश पाण्डेय मय हमराह द्वारा सर्विस लेन उकरौड़ा पुलिया पर घेराबन्दी करके सामने से आ रही मोटरसाइकिल को रोकने का प्रयास करने पर मोटरसाइकिल सवार द्वारा जान से मारने की नियत से पुलिस टीम पर फायरिंग कर दिया।
पुलिस टीम द्वारा आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्यवाही की गई। जिसमें अपराधी के दाहिने पैर में गोली गली। जिससे वह घायल होकर गिर गया। जिसकी पहचान अम्मार उर्फ निजात पुत्र सुभान अहमद नि. बनकट थाना मुबारकपुर आजमगढ़ उम्र 22 वर्ष के रूप में हुयी। अभियुक्त को समय प्रातः 6.20 बजे गिरफ्तार किया गया।
तलाशी के दौरान अभियुक्त के कब्जे से 1 देशी तमन्चा 315 बोर, 2 जिन्दा कारतूस 315 बोर, 2 खोखा कारतूस 315 बोर, 1 मोबाईल बरामद हुआ। अभियुक्त को उपचार हेतु चिकित्सालय भेजा गया।
अमिर बनने के लालच में बन गया अपराधी, पहुंचा जेलः
पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त अम्मार उर्फ निजात ने बताया कि मेरे पिता सुभान अहमद पूर्व में डाक्टर संजय यादव के घर पर फर्नीचर बनाने का कार्य करते थे और ग्राम बनकट में डाक्टर संजय कुमार यादव के फार्म हाउस की बाउन्ड्री निर्माण में भी कार्य कर रहे थे।
पिता के कार्य करने के कारण ही अभियुक्त अम्मार उर्फ निजात डाक्टर संजय कुमार यादव से परिचित हो गया था तथा उनके फार्म हाऊस व घर भी जाता था। इनकी सम्पत्ति देखकर मैंने सोचा कि इनसे फोन कर के डरा धमकाकर पैसे की मांग करने से कुछ पैसा मिल जाएगा इसलिए मैंने घटना की।
