
दैनिक भारत न्यूज
आजमगढ़।
अदालत ने सुलह समझौते के आधार पर सड़क दुर्घटना के तीन अलग अलग मुकदमों में परिजनों को क्षतिपूर्ति के तौर बीमा कंपनी को तीन करोड़ साठ लाख रुपये क्षतिपूर्ति का आदेश दिया है। यह फैसला मोटर दुर्घटना क्लेम ट्रिब्यूनल के जज मुकेश कुमार सिंह ने शनिवार को लोक अदालत में सुनाया। पहले मामले में कटघर लालगंज के निवासी मनोज कुमार यादव 22 जून 2023 को रोडवेज की जनरथ बस से गोरखपुर से वापस घर आ रहे थे। जब उनकी बस अनजान शहीद के पास छत्तरपुर गांव के पास पहुंची तब आजमगढ़ की तरफ से जा रही एक पिकअप ने बस को सामने से टक्कर मार दी। इस दुर्घटना में मनोज यादव की मृत्यु हो गई। जिस पिकअप ने टक्कर मारी थी वह पिकअप श्रीराम जनरल इंश्योरेंस कंपनी से बीमित था।लोक अदालत के मद्देनजर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की पहल पर बीमा कंपनी तथा पीड़ितों के बीच समझौते की बातचीत शुरू हुई। बीमा कंपनी के शाखा प्रबंधक मुकेश शर्मा, के के शर्मा, विकास तथा अधिवक्ता उमाशंकर श्रीवास्तव के प्रयासों से दोनों पक्षों में मुकदमा समाप्त करने पर सहमति बन गई, तब अदालत ने बीमा कंपनी को निर्देश दिया कि वह मृतक के परिजनों को एक करोड़ दस लाख रुपये क्षतिपूर्ति के तौर पर अदा करे।इसी तरह शहर के पटखौली निवासी गुंजन के पति राम आशीष की 26अक्टूबर 2025 को सड़क दुर्घटना में हो गई।इस मामले में भी जिस वाहन ने टक्कर मारी थी वह वाहन श्रीराम जनरल इंश्योरेंस कंपनी से बीमित था। इस मामले में सुलह समझौते के बाद अदालत ने बीमा कंपनी को आदेश दिया कि पीड़ित गुंजन को डेढ़ करोड़ रूपये अदा करे।इसी तरह मेहनगर थाना क्षेत्र में 27अक्टूबर 2024 को हुई एक सड़क दुर्घटना में ऊंचा गांव निवासी सर्वेश चंद की मृत्यु हो गई थी। इस मामले मे भी जिस वाहन से टक्कर हुई वह वाहन श्रीराम जनरल इंश्योरेंस कंपनी से बीमित था। इस मामले में भी सुलह समझौते के बाद अदालत ने बीमा कंपनी को आदेश दिया कि वह मृतक के परिजनों को एक करोड़ रूपये क्षतिपूर्ति अदा करे। इन दोनों ही मामलों में पीड़ितों के अधिवक्ता नीरज कुमार राय व रविकांत सिंह ने विशेष प्रयास किया।
