
आशीष तिवारी
आजमगढ़।
मुबारकपुर थाने पर तैनात एक होमगार्ड बीते 22 साल से आपराधिक घटनाओं को अंजाम दे रहा। खाकी की आड़ में होमगार्ड कानून व्यवस्था से खिलवाड़ कर रहा था, लेकिन अधिकारियों को इसकी भनक तक नहीं लग सकी। गांव वालों की शिकायत पर जब जांच हुई तो यह गोलमाल उजागर हुआ। पुलिस होमगार्ड की कुंडली खंगालने में जुट गयी है।
मुबारकपुर कस्बा निवासी निरंकार साल 2001 में होमगार्ड के पद पर भर्ती हुआ। मुबारकपुर थाने पर उसकी तैनाती कर दी गयी। तभी से वह खाकी पहनकर सेवा कर रहा है। निरंकार के खिलाफ साल 2003 में निरंकार के खिलाफ थाने में एफआईआर दर्ज हुई, इसके बाद उस पर एक के बाद एक तमाम आपराधिक मुकदमे आजमगढ़, देवरिया आदि जिलों के थानों में पाक्सो, गांजा तस्करी सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज हुई, यहां तक की मुबारकपुर थाने में ही आधा दर्जन मुकदमे दर्ज होने के बावजूद होमगार्ड थाने में तैनात होकर ड्यूटी कर रहा था। मौजूदा समय में निरंकार के पास मुबारकपुर थाने के मालखाने का भी चार्ज था।
इस संबंध में एसपी सिटी मधुवन कुमार सिंह ने बताया कि होमगार्ड निरंकार को एक माह पूर्व उसके कमांडेंट ने निलंबित कर दिया है। उधर आम लोगों का कहना है इस तरह के शातिर अपराधी को केवल निलंबित करके छोड़ दिया गया, अभी अन्य किसी का मामला होता तो पुलिस सख्त हो जाती, लेकिन इस होमगार्ड की गिरफ्तारी तक नहीं हुई।
