दैनिक भारत न्यूज ब्यूरो

आजमगढ़।
सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी सदर शुभम अग्रवाल द्वारा गुरुवार को शहर कोतवाली में पोस्टर का अनावरण किया गया। उनके द्वारा बताया गया कि निःशुल्क विधिक सहायता (Free Legal- aid ) संवैधानिक अधिकार दिलाने के लिए भारत के संविधान का अनुच्छेद 39A समाज के गरीब और कमजोर वर्गों को निःशुल्क विधिक सहायता प्रदान करता है और सभी के लिए न्याय सुनिश्चित करता है। इसके अंतर्गत महिलाओं व बालिकाओं से संबंधित किसी भी प्रकार के अपराध में निःशुल्क विधि सहायता हेतु जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा नामित विधि परामर्शदाताओं से संपर्क किया जा सकता है। निःशुल्क विधि सहायता के अंतर्गत विधिक प्रक्रिया के अनेक चरणों से संबंधित कतिपय सहायता उपलब्ध कराई जाती है। उदाहरणार्थ 1. कानूनी कार्य हेतु  वकील की सुविधा 2. कोर्ट फीस या अन्य कार्य में लगने वाले व्यय हेतु 3. विधिक दस्तावेजों के अनुवाद सहित अपील आदि की सुविधा 4. पुलिस तथा कोर्ट में प्रचलित कानूनी कार्यवाहियों के बारे में जानकारी 5. कानूनी प्रक्रिया से जुड़े आदेश व अन्य दस्तावेजों की प्रतियां प्राप्त करने हेतु समाज के सभी कमजोर व गरीब वर्गों को निःशुल्क विधिक सहायता प्रदान जाती है।
बता दें कि महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन मुख्यालय लखनऊ के निर्देशन में प्रदेश के सभी जनपदों के प्रत्येक थाने के महिला हेल्प डेस्क पर निशुल्क विधिक सहायता (Free Legal- aid ) संवैधानिक अधिकार का पोस्टर लांच किया। जिसके तहत शहर कोतवाली आजमगढ़ में भी यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर शहर कोतवाल शशिमौली पांडेय सहित अन्य स्टाफ मौजूद रहा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *