
दैनिक भारत न्यूज
आजमगढ़।
गुप्त नवरात्रि के समापन पर शक्ति स्वरूपा मां काली तथा मां दुर्गा की लालगंज तहसील क्षेत्र के तिलखरा तथा खुम्भा देवरी में हवन ,पूजन और आरती उतारी गयी। गुप्त नवरात्रि में दश महाविद्याओं की पूजा की जाती है। जिनके नाम काली, तारा, त्रिपुर सुंदरी, भुवनेश्वरी, छिन्नमस्ता, त्रिपुरा, भैरवी, धूमावती, बगलामुखी, मातंगी और कमला है। अन्य नवरात्रि की तरह इसमें उत्सव और दिखावे पर जोर नहीं होता। यहां संयम अनुशासन और गहरी साधना पर बल दिया जाता है। इसलिए इसे गुप्त नवरात्रि कहा जाता है। गुप्त नवरात्रि में देवी को सर्वेश्वरी कहा जाता है। यह उत्सव गुप्त साधना के लिए जाना जाता है। पूर्व प्रधानाचार्य ओम प्रकाश सिंह तिलखरा ने कहा कि गुप्त नवरात्रि का सनातन धर्म में विशेष महत्व होता है। इस नवरात्रि में साधक तप, संयम और साधना के माध्यम से मां दुर्गा को प्रसन्न कर अभीष्ट फल प्राप्त करता है।
इस अवसर पर संतोष कुमार सिंह,भूप नारायण सिंह, पूर्व प्रधान अरुण कुमार सिंह, विवेकानंद सिंह, अखिलेश सिंह आदि लोग विशेष रूप से उपस्थित थे।
