
दैनिक भारत न्यूज
आजमगढ़।
बिलरियागंज थाने की पुलिस जमीन बेचने के नाम पर धोखाधड़ी करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजवा दिया गया।
एसपी ग्रामीण चिराग जैन के मुताबिक दिनांक 19.06.25 को दीपक सिंह पुत्र राणा प्रताप सिंह निवासी ग्राम पड़री परानपुर, थाना बिलरियागंज द्वारा प्रार्थना पत्र दिया कि मै टाईल्स एवं विल्डिंग मैटेरियल का कारोबारी हूँ। सूर्य प्रताप सिंह पुत्र प्रमोद सिंह व प्रमोद सिंह पुत्र छक्कन सिंह निवासी ग्राम रत्सड़ कला, थाना गड़वार जिला बलिया का आना जाना होता है और इसी आने जाने मेरा इन लोगों से परिचय हो गया था। माह फरवरी सन् 2023 में सूर्यप्रताप सिंह व प्रमोद सिंह ने कहा कि मेरा जमीन सड़क के किनारे है जिसे हम लोग बेचना चाहते हैं वहां प्लाटिंग करके अच्छी कीमत पर उसे बेचा जा सकता है। मैं इन लोगों की बातों पर विश्वास करके अपने दोस्त रविकान्त सिंह व गुलशेर अहमद के साथ दिनांक 25.03.2023 को मुल्जिमानों के घर गया और उन लोगों के साथ मौके पर जाकर जमीन देखा जो ग्राम तुर्कीबारी तहसील बलिया सदर जिला बलिया में स्थित गाटा सं0-152 बरकबा 0.7390 हे0 (लगभग 22 विस्वा) में अपने पूरे हिस्से की जो लगभग पाँच विस्वा थी देखा प्रार्थी को जमीन पसन्द आयी जिसकी कीमत मुल्जिमानों से कुल जमीन का तीस लाख रूपये में तय हुआ और बैनामा करने के लिए दो साल का समय तय किया गया यह भी तय हुआ कि आवेदक इस बीच अग्रिम धनराशि के रूप में मुल्जिमानों को भुगतान करता रहेगा और जो भी धनराशि बची रहेगी, बैनामें के दिन उसका भुगतान कर देगा। प्रार्थी व मुल्जिमानों के बीच विश्वास के कारण यह करार मौखिक किया गया था प्रार्थी ने मुल्जिमानों के खाते में एंव उनके द्वारा बताये गये खातों में दिनांक 31.03.2023 से दिनांक 02.09.2024 कुल 20 लाख रूपया अदा कर चुका है। उपरोक्त लोगो से बैनामा करने के लिए कहा तो मुल्जिमानों ने बैनामा करने से मना कर दिया इस पर प्रार्थी ने मुल्जिमानों से अपने द्वारा दिये गये रूपयो की मांग किया पहले तो वे लोग आना-कानी करते रहे बाद में अमित सिंह की मध्यस्थता के कारण अभियुक्त सूर्य प्रताप सिंह ने 20 लाख रूपये का चेक चेक सं0-39099 दिनांकित 22.11.2024 दिया। जिसे भुगतान हेतु प्रार्थी ने यूनियन बैंक आफ इण्डिया शाखा भीमवर आजमगढ़ में प्रस्तुत किया जिसे डिसआनर कर दिया गया। क्योंकि जिस खाते से चेक जारी था वह अभियुक्त प्रमोद के नाम से था और सूर्यप्रताप सिंह ने उस पर अपने पिता अभियुक्त प्रमोद सिंह की फर्जी दस्तखत बनाया था। डिसआनर की सूचना मैने मुल्जिमानों को दिया तो दोनों लोग मुकदमा न करने का अनुरोध किये और कहे कि शीघ्र ही आपका भुगतान कर दिया जायेगा। अमित सिंह की मध्यस्थता के कारण प्रार्थी ने मुल्जिमानों के विरूद्ध मुकदमा नहीं किया जिसके कारण मुकदमा टाइमबार्ड हो गया। दिनांक 08.04.2025 को समय 03.00 बजे दिन में मुल्जिमान अमित सिंह के घर आये थे प्रार्थी अपने मित्रों रविकान्त सिंह व गुलशेर अहमद के साथ पैसा मांगने गया तो मुल्जिमान गाली गुप्ता व जान से मारने की धमकी दिये और कहे कि तुम्हारा पैसा नहीं दूँगा। दुबारा मांग किया तो जान से मरवा देंगे। तहरीर के मुताबिक पुलिस केस दर्ज करके एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजवा दिया गया।
