
दैनिक भारत न्यूज
आजमगढ़।
नाबालिग बालको तथा मानसिक रूप से अशक्त व दिव्यांग व्यक्तियों को निःशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध कराने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव अपर जिला जज धनंजय कुमार मिश्रा ने बुधवार को प्राधिकरण के पैनल अधिवक्ता तथा पैरा लीगल वॉलिंटियर्स के साथ मीटिंग की। इस मीटिंग में अपर जिला जज धनंजय कुमार मिश्रा ने बताया कि राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर 18 वर्ष से कम उम्र के सभी बालकों के लिए जनपद में निःशुल्क न्याय प्रदान करने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तहत एक लीगल सर्विस यूनिट फॉर चिल्ड्रन का गठन किया गया है। इस कमेटी में आठ फाइनल अधिवक्ता तथा दस पैरा लीगल वॉलिंटियर्स को मनोनीत किया गया है। यह कमेटी बालकों को उनके कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करेगी। जहां कहीं भी 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के साथ अन्याय हो रहा हो या उनको बाल श्रम में लगा दिया गया हो, वे जोखिम का काम कर रहे हों। इन बालकों का पता कर उनको न्याय दिलाने तथा उनके पुनर्वास की व्यवस्था करने के उपाय किए जाएंगे। इसी के साथ मानसिक रूप से अशक्त तथा दिव्यांग लोगों को भी निःशुल्क कानूनी सहायता मिले। इसके लिए भी प्रयास किए जाएंगे। इस काम में मनोनीत सभी पैनल अधिवक्ता पैरा लीगल वॉलिंटियर्स के साथ काम करेंगे। इस बैठक में पैनल अधिवक्ता के तौर पर छोटेलाल निगम, प्रदीप कुमार सिंह, शिव बालक चौबे, ध्रुव कुमार मिश्रा, जितेंद्र यादव, योगेंद्र कुमार राव, प्रतिभा सिंह, लालजी तिवारी आदि लोग मौजूद रहे।
