
दैनिक भारत न्यूज
आजमगढ़।
साइबर क्राइम, रानी की सराय, आजमगढ़ की पुलिस ने फर्जी तरीके से 60 से अधिक लोगों की सरकारी सब्सिडी अपने खाते में जमा कराने वाले को पुलिस ने गिरफ्तार कर ली। उसके पास से तीन मोबाइल, 40 फर्जी तरीके से चालू कराए गये सिम कार्ड आदि बरामद हुआ।
पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य के मुताबिक आवेदक सीताराम यादव पुत्र स्व. सूर्यबली यादव निवासी मोलनापुर थाना कप्तानगंज ने साइबर क्राइम थाना रानी की सराय में प्रार्थना पत्र दिया कि किसी ने मेरे नाम से फर्जी एयरटेल पेमेंट बैंक का खाता खोल लिया है और जो किसान सम्मान निधि की राशि मेरे बरौदा यूपी ग्रामीण बैंक में आती थी, वो अब अचानक मेरे नाम से खुले फर्जी एयरटेल पेमेंट बैंक में ट्रान्सफर होकर निकाल लिया जा रहा है। ऐसे ही कई अन्य लोगों का भी किसान सम्मान निधि की राशि अन्य बैंको में ट्रान्सफर कर निकाल लिया जा रहा है।
उक्त शिकायत पर तत्काल संज्ञान लेते हुए अपराध के सफल अनवारण एंव अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए एसपी ने विवेक पाण्डेय, अपर पुलिस अधीक्षक अपराध के पर्यवेक्षण में तकनीकी संसाधनों का प्रयोग करते हुए साइबर क्राइम थाना परिक्षेत्र आजमगढ़ टीम द्वारा अभिसूचना संकलन करके कार्यवाही प्रारम्भ की गयी, तो उक्त प्रार्थना पत्र की जांच से परमानन्द भारती उर्फ़ राहुल कुमार पुत्र राजकुमार ग्राम जलालपुर कोठवा थाना अहरौला जनपद आजमगढ़ का नाम प्रकाश में आया। रविवार को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपी ने उगला राजः
पुलिस द्वारा गिरफ्तार अभियुक्त परमानन्द भारती उर्फ़ राहुल कुमार से उक्त अपराध के सम्बन्ध में पूछताछ की गयी तो बताया की मैं एयरटेल की तरफ से गावों में जाकर एयरटेल MNP केंद्र का कैंप लगता हूँ। वहां जो भी लोग सिम कार्ड लेने या पोर्ट कराने आते है तो मै उनके नाम से 2 सिम, एक बार E-kyc के माध्यम से तथा दूसरी बार ऑफ लाइन KYC आधार कार्ड की फोटो खींचकर एक्टिवेट कर देता था। तथा उसी समय E-kyc कर उनके नाम से फर्जी एयरटेल पेमेंट बैंक भी खोलकर उसमें DBT (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रान्सफर) आप्शन को फर्स्ट टाइम एक्टिवेट कर देता था। उससे लोगों के आधार कार्ड से जो भी गवर्नमेंट योजना के तहत (किसान सम्मान निधि, पेंशन, गैस सब्सिडी, स्कालरशिप) राशि बैंक खातों में ट्रान्सफर होती थी। वह मेरे द्वारा खोले हुए फर्जी एयरटेल पेमेंट बैंक में ट्रान्सफर हो जाती थी। जिसे मै UPI के माध्यम से निकाल लेता था। DBT करने पर मुझे कंपनी की तरफ से ज्यदा कमीसन मिलता था। पूछताछ के दौरान बताया की अब तक मैंने लगभग 50 से 60 लोगों के साथ ऐसी धोखधड़ी कर लगभग 5 लाख रुपये ट्रान्सफर कर निकाले गए हैं। अभियुक्त के पास से बरामद सिम व बैंक खातों की जाँच कर अग्रिम कार्यवाही की जा रही है।
बरामदगीः
गिरफ्तार आरोपी के पास से तीन मोबाइल फ़ोन, 40 अदद सिम कार्ड, 4400 रुपये नगद बरामद हुए।
गिरफ्तार करने वाली टीमः
आरोपी को निरीक्षक विमल प्रकाश राय, मु०आ0 मनीष सिंह, का0 एजाज खां, का० संजय कुमार, का0 सभाजीत मौर्या, का0 महिपाल यादव , साइबर क्राइम थाना आजमगढ़ का नाम शामिल है।
