
दैनिक भारत न्यूज
आजमगढ़।
दलित के साथ मारपीट के मुकदमे में सुनवाई पूरी करने के बाद अदालत ने दो आरोपियों को तीन वर्ष के कारावास तथा नौ नौ हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई। यह फैसला विशेष सत्र न्यायाधीश जैनेंद्र कुमार पांडे की अदालत ने गुरुवार को सुनाया।
अभियोजन कहानी के अनुसार सुराती देवी पत्नी एकादशी निवासी आजाद नगर थाना मुबारकपुर की पुत्री 8 अक्टूबर 2000 सुबह सात बजे घर के सामने बबुल के पेड़ से दांतून तोड़ रही थी। तभी गांव के ही बहादुर चौहान पुत्र रामकुमार चौहान तथा इंकलाब पुत्र इश्तियाक अहमद जाति सूचक गाली देते हुए रीता तथा सुराती को बुरी तरह से मार पीटा दिया। पुलिस ने जांच पूरी करने के बाद दोनों आरोपियों की विरुद्ध चार्जशीट न्यायालय में प्रेषित किया। अभियोजन पक्ष की तरफ से सहायक शासकीय अधिवक्ता आलोक त्रिपाठी, इंद्रेश मणि त्रिपाठी ने पांच गवाहों को न्यायालय में परीक्षित कराया। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद अदालत ने आरोपी बहादुर चौहान तथा इंकलाब को तीन-तीन वर्ष के कारावास तथा नौ नौ हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई।
