प्रयागराज में आगामी महाकुंभ मेला 2025 से पहले बनेगी सड़क

रानी की सराय सेमरहां से शहर के उकरौड़ा तक कुल 28 गांव से होकर गुजरेगी

आशीष तिवारी

आजमगढ़।
सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय से मंजूरी मिलने के बाद भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा आजमगढ़ जिले में एक और फोरलेन सड़क बनाने का काम शुरू कर दिया गया है। इसके तहत आजमगढ़ शहर के उकरौड़ से रानी की सराय ब्लाक के सेमरहा तक कुल 28 गांव से होकर यह सड़क गुरेगी।
खासतौर से इस सड़क का निर्माण प्रयागराज के संगम तट पर आगामी साल 2025 में आयोजित होने वाले महाकुंभ को ध्यान में रखते हुए किया जा रहा है।
फोर लेन सड़क निर्माण के लिए पांच फरवरी 2024 को महाप्रबंधक ( तक. ) सहपरियोजना निदेशक श्रीप्रकाश पाठक की तरफ से डीएम आजमगढ़, एसडीएम सगड़ी आदि को पत्र भेजा है। जिसमें यह बताया गया है कि विशेष भूमि अध्याप्ति अधिकारी से उन 28 गांव के काश्तकारों के खेतों की खेसरा, खतौनी आदि किसानों को सूचित करते हुए उपलब्ध कराएं। कहा गया है कि
प्रयागराज- मुगराबादशाहपुर- जौनपुर- आजमगढ़-दोहरीघाट मार्ग पर पड़ने वाले आजमगढ़ बाइपास किमी 128 किमी. से 147 किमी. के चार लेन चौड़ीकरण का काम होना है। महाकुंभ 2025 के दृष्टिगत प्रयागराज नगर एवं माघ मेला क्षेत्र द्वारा इसकी देखरेख किया जाएगा। माघ मेला के तहत होने वाले विकास के कार्यों पर केंद्र और राज्य सरकार निगरानी कर रही है। ऐसे में इस काम में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।

इन गांव से होकर गुजरेगी सड़क
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा डीएम को भेजे गये पत्र के मुताबिक यह सड़क सेमरहा, खैरपुर जगजीवन, मोलनापुर माफी, ऊंचागांव, तमौली, जीरकपुर अबू सईदपुर, सरायभादी, गुरुदास अमेना, गुरुदास खालसा, बेलनाडीह, चकदूबे, हेंगापुर, विहरोजपुर, चित्तमपुर, बैठौली, शाहखढ़, दुल्हपुर आदि 27 गांव होने हुए सड़क 28 वें गांव उकरौड़ा में मुख्य सड़क में मिल जाएगी। इस सड़क के बन जाने से लोगों को प्रयागराज से गोरखपुर जाने में काफी आसानी होगी।

जमीन का मिलेगा उचित मुआवजाः
जिले में बनने वाली इस नई सड़क के बनने में पल्हनी, रानी की सराय के जिन 28 गांव के किसानों की जमीन अधिग्रहित की जाएंगी। उन किसानों को सरकार की तरफ से सर्किल रेट के हिसाब से उचित मुआवजा देगी। इससे किसानों के भाग्य खुल जाने की भी उम्मीद जताई जा रही।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *