

हरिऔध कला केंद्र सभागार में आयोजित किया गया 24 वां पुस्तक मेला
रिपोर्टः अरुण यादव
आजमगढ़।
जिलाधिकारी विशाल भारद्वाज ने कहा कि वर्तमान में डिजिटल क्रान्ति ने जीवन के हर पहलुओं को अन्दर तक छुआ है और पढ़ाई-लिखाई हो, नौकरियां हो या युद्ध हो, इन सबमें डिजिटल क्रान्ति ने अपना एक अमिट छाप छोड़ा है। आने वाले समय में बिल्कुल वैसा नहीं होगा, जैसा हम लोगों ने अपने जीवन के आरम्भ में देखा है।
वे शनिवार को हरिऔध कला केन्द्र में जिला प्रशासन एवं गंगा समिति आजमगढ़ के सानिध्य में नेशनल बुक ट्रस्ट के रचनात्मक सहयोग से शुरूआत समिति के माध्यम से आयोजित 24 वां आजमगढ़ पुस्तक मेला का उद्घाटन करने के बाद लोगों को संबोधित कर रहे थे।
जिलाधिकारी ने कहा कि जो छात्र-छात्राएं एवं युवा वर्ग हैं, आने वाला समय उनका है। इस डिजिटल युग में भौतिक किताबों के इस आयोजन को आप महत्व दे रहे हैं, यह इस पुस्तक मेले की बहुत बड़ी उपलब्धि है। उन्होने कहा कि मैं यह नहीं मान सकता है कि ज्ञान किसी एक प्रकार के आवरण में ही आता है। उन्होने कहा कि किताबें जब नहीं छपती थी, तब भी भारत में ज्ञान का एक भंडार था, कई हजार वर्षां तक भारत का ज्ञान चाहे वह पुराण हों, वेद हों, वे मौखिक रहें, तब किताबें नहीं थी और जब किताबें लिखी जाने लगी, तो वह किसी वर्ग विशेष तक ही सीमित रहीं, क्योंकि वह बहुत महंगी थी, बहुत आसानी से नहीं बन पाती थीं। जब प्रिन्टिंग प्रेस आया, तो किताबें सुलभ हुई और ज्ञान सुलभ हुआ। उन्होने कहा कि ज्ञान का एक साधन किताबें हैं और किताबों के एक प्रकार वो है, जो आप यहां आज देख रहे हैं।
जिलाधिकारी ने कहा कि बौद्धिक बल ज्ञान से आता है और ज्ञान का सबसे अच्छा श्रोत किताबे हैं, किताबें बहुत महत्वपूर्ण है, क्योंकि वो ज्ञान को बहुत ही छोटे से जगह में कुछ शब्दों में समेट कर आपके सामने रखते हैं। उन्होने कहा कि अगर आप राहुल सांस्कृत्यायन जी का साहित्य पढ़ें तो उससे पता चलेगा कि उन्होने किताबों से ज्यादा भ्रमण को महत्व दिया है। उन्होने कहा कि किताबें हमें यह अवसर देती हैं कि कुछ पैसे लगाकर हम किसी की जीवनी से, किसी के यात्रा वृतान्त से एवं किसी एस्से से एक नया नजरिया देख लें और एक नया अनुभव हम प्राप्त कर लें। उन्होने कहा कि आज के युग में इन किताबों के अतिरिक्त भी बहुत सारे साधन हैं, जिनके माध्यम से आप विभिन्न विचारधाराओं, विभिन्न लोगां के व्यक्तित्व को, अनेक समाज, देश, भाषा आदि के बारे में आप जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
कार्यक्रम का संचालन राजीव रंजन द्वारा किया गया। इस अवसर पर अतिरिक्त मजिस्ट्रेट रोहित यादव सहित विभिन्न स्कूलों के छात्र/छात्राएं एवं अन्य संबंधित उपस्थित रहे।
