
सरकार द्वारा छात्र छात्राओं के शिक्षा के लिए दी जाने वाली 1.22 करोड़ रुपये हड़पने का आरोप
दैनिक भारत न्यूज ब्यूरो
आजमगढ़।
शहर कोतवाली पुलिस सोमवार को शिबली इण्टर कालेज के पूर्व प्रधानाचार्य को गिरफ्तार कर ली। उनके ऊपर अवैधानिक तरीके से करोड़ों रुपए की वसूली करने और छात्रवृत्ति के रुपये का गोलमाल करने का आरोप है।
शहर कोतवाली पुलिस के मुताबिक प्रबंध समिति शिबली नेशनल इण्टर कालेज के प्रबन्धक महफूजुर्रहमान बेग पुत्र स्व. अबुल जैश बेग निवासी ग्राम व पोस्ट अंजानशहीद, थाना जीयनपुर द्वारा लिखित तहरीर दिया गया कि पूर्व प्रधानाचार्य निसार अहमद पुत्र स्व. इकबाल अहमद ग्राम व पोस्ट जमीन रसूलपुर थाना रौनापार, 2. पूर्व प्रबन्धक अब्दुल कय्यूम पुत्र स्व. कवी अहमद ग्राम व पोस्ट बीनापारा थाना सरायमीर द्वारा संस्थागत अंग्रेजी माध्यम के छात्रों को बिना किसी मान्यता के ही वित्तविहीन का छात्र दर्शाकर अवैधानिक तरीके से रुपये 12247036.00 (एक करोड़ बाइस लाख सैतालीस हजार छत्तीस मात्र) अतिरिक्त वसूल किये जाने तथा उक्त वसूली गयी धनराशि किसी भी खाते में जमा न कर गबन करने का आरोप है। पुलिस मामले में सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विवेचना कर रही है। शहर कोतवाल शशिमौली पांडेय के मुताबिक उप निरीक्षक उमेशचन्द्र यादव ने अपने हमराहियों सहित उक्त मुकदमे से सम्बन्धित अभियुक्त निसार को मोहल्ला जालंधरी से गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में अभियुक्त ने बताया कि मैं शिबली नेशनल इन्टर कालेज के प्रधानाचार्य पद पर कार्यरत था। अब सेवा निवृत्त हो चुका हूँ। सत्र 2019-2020 व 2020-21 में कक्षा 6-12 तक के संस्थागत विद्यालय के अंग्रेजी माध्यम के छात्रों से वित्त विहिन का छात्र बनाकर निर्धारित फीस से अधिक फीस अनुचित लाभ कमाने के आशय से वसूला गया था। जिसे मेरे अथवा प्रबंधक अब्दुल कय्यूम द्वारा खाते में जमा नहीं किया गया। जब जांच के बाद अधिकारीगण द्वारा जमा करने के लिए कहा गया तो हम लोगों नें कूट रचित दस्तावेज के आधार पर आडिट रिपोर्ट तैयार कराया।
